भारतीय सहारा | जन-जन की बुलंद आवाज

परिवहन विभाग के चालक परिचालक के मनमानी पूर्ण रवैए के सामने विभागीय उच्चाधिकारी का चालक परिचालक पर कोई नहीं रहा अंकुश

0 30

परिवहन विभाग की रंग बिरंगी नान स्टॉप बसों का रिमोट कंट्रोल ढाबों व रेस्टोरेंटों के संचालकों के हाथ

————————————————–

भाजपा सरकार के सुशासन में यात्री त्रस्त , चालक परिचालक व विभागीय अधिकारी अपने में मस्त, परिवहन मंत्री को नहीं खबर

——————————————————-

मुंगरा बादशाहपुर डिपो में परिवहन विभाग की बस जाने में करती शर्म

——————————————————

भारतीय सहारा संवाददाता

प्रयागराज । प्रयागराज डिपो से संचालित होने वाली गोरखपुर ,दोहरीघाट ,राप्तीनगर , अम्बेडकर नगर , मऊ ,बलिया, आजमगढ़ ,जौनपुर ,मुंगरा बादशाहपुर डिपो के साथ साथ अन्य सभी डिपो से संचालित होने वाली नॉन स्टॉप बसें परिवहन विभाग के द्वारा करोड़ों रुपए की लागत से यात्रियों की सुविधाओं के लिए बनाए गए डिपो में न जाकर बाहर बाहर ऑन सड़क से निकल जाती है। कितने यात्री डिपो में बैठे इंतजार करते ही रह जाते है भाजपा सरकार के सुशासन में चालक, परिचालक की मनमानी पूर्ण रवैऐ , चालक परिचालक के सामने उच्चाधिकारियों का बौनापन के साथ साथ परिवहन मंत्री की कुंभकर्णीय नीद आज भ्रष्टाचार का सबब बनी हुई है जिसके कारण यात्रियों की छूट जाती हैं ट्रेन व एरो प्लेन यात्री , अपने गंतव्य तक नहीं पहुंच पाते यात्री ।
गौरतलब बात तो यह है कि जहां परिवहन विभाग के चालक, व परिचालक,अपने गंतव्य तक जल्दी में पहुंचने के चक्कर में बीच रास्ते में पड़ने वाले डिपो में नहीं जाते वही देखा जाय तो चालक, परिचालक फ्री में चाय_ नाश्ता के चक्कर में अपने मनचाहे ढाबों व रेस्टोरेंटों पर नॉन स्टॉप बसों को खड़ी कर देते हैं जब कि रोजी रोटी के चक्कर में दूर दराज व विदेशों में जाने वाले यात्री जल्दी और समय से स्टेशन व एयर पोर्ट पर पहुंचने के चक्कर में रंग बिरंगी भगवा कलर की मोटे मोटे बड़े अक्षरों में नॉन स्टॉप का लगे बोर्ड को देख कर इस आशा और विश्वास के साथ बस में बैठ जाते हैं कि समय से स्टेशन व एयर पोर्ट पर पहुंच जायेगे उन्हें क्या पता कि ये नॉन स्टॉप बसें हर दस से पन्द्रह किलोमीटर की दूरी पर चाय नाश्ता के लिए रुक जाती हैं। जहां चालक परिचालक चाय नाश्ता फ्री में पाकर खुश नजर आते हैं वहीं दुकानदार के सामानों की कीमत सातवें आसमान पर पहुंच जाता है। अगर कोई यात्री अपने गंतव्य तक पहुंचने के लिए चालक व परिचालक से अपनी मजबूरी कहता है तो चालक व परिचालक सीधे तौर पर यात्रियों से कहते हैं कि ज्यादा जल्दी हो तो दूसरी गाड़ी से चले जाओ ।
जिसकी शिकायत यात्रियों ने उच्चाधिकारियों से आए दिन करते रहते हैं लेकिन अन्त में नतीजा निकलता है केवल ढाक के तीन पात। जब कि भारतीय सहारा समाचार टीम ने सर्वे किया और परिवहन विभाग के डिपो में तब्दील सड़क के किनारे रंग बिरंगी छोटी बड़ी ढाबों व रेस्टोरेंटों के सामने मुंगरा बादशाहपुर डिपो से मात्र पांच किलोमीटर दूरी बुढ़िया के इनारा से लेकर और प्रयागराज डिपो से लेकर लगभग आठ से दस किलोमीटर दूरी अंदावा के बीच रेस्टोरेंट व ढाबों पर आने जाने वाली परिवहन विभाग की नॉन स्टॉप बसों की कतारें देखने को मिलती हैं। जब कि प्रयागराज डिपो से मुंगरा बादशाहपुर डिपो की दूरी लगभग पचपन,छप्पन किलोमीटर ही होगी।फिर भी परिवहन विभाग के चालक व परिचालक के तानाशाही पूर्ण रवैया के रूप में ढाबों व रेस्टोरेंटों पर नॉन स्टॉप बसों की खड़ी कतारें देखने को मिलती है नजारा । यही स्थिति रहा तो लोगों का परिवहन विभाग की नॉन स्टॉप बसों से उठ जाएगा लोगों का भरोसा । समाचार के माध्यम से लोगों ने शासन प्रशासन से पुरजोर मांग करते हैं कि जनहित में यात्रियों की सुविधाओं को ध्यान में रखते हुए विभागीय जांच करा कर उचित कार्य वाही किया जाय। अब देखना ये है कि यात्रियों की समस्याओं से निजात दिलाने के लिए कोई कदम विभाग उठाता है कि नही ये तो वक्त ही बताएगा।

Below News
Leave A Reply

Your email address will not be published.

This website uses cookies to improve your experience. We'll assume you're ok with this, but you can opt-out if you wish. Accept Read More