जीएम आरेडिका ने किया भारत गौरव टूरिस्ट ट्रेन का निरीक्षण

रमेश कुमार बाजपेयी की रिपोर्ट
लालगंज, रायबरेली। भारत गौरव ट्रेन माननीय प्रधानमंत्री जी का ड्रीम प्रोजेक्ट है, जिसे साकार करने के लिए समस्त रेलवे परिवार अपनी-अपनी क्षमतानुसाार योगदान दे रहा है। इसी कड़ी में आधुनिक रेल डिब्बा कारखाना, रायबरेली भी भारत गौरव ट्रेन के पाँच रैकों का निर्माण कर रहा है, जिसमें प्रत्येक रैक में 14-14 कोच होगें। इसके पहले रैक को पूर्वोत्तर रेलवे को 5 अप्रैल को सुपूर्द किया जाएगा, वहीं दूसरी रैकपश्चिमी रेलवे को 11 मई को, तीसरी रैक पूर्वी रेलवे को 20 मई तक, चौथी रैक उत्तर सीमांत रेलवे को 27 मई को एवं पाँचवी रैक दक्षिण पूर्व मध्य रेलवे को 28 मई तक भारत गौरव रैक सुपूर्द करने का निर्णय लिया गया है।
देश के वरिष्ठ नागरिको को ध्यान में रखते हुए, इन ट्रेनों में यात्रा को सरल, सफल और आरामदायक बनाने के लिए विभिन्न प्रकार के यातायात सुरक्षा एवं संरक्षा संबंधी अनेक उपकरण लगाए गए हैं, जैसे स्लीपर में भी सीसीटीवी कैमरे, पैसेन्जर अर्लट सिस्टम विशेष स्नेक्स टेवल, नहाने के लिए शॉवर, विशेष विद्युत एप्लीकेशन वाले किचेन उपकरण लगे है प्रार्थना करने के लिए प्रार्थनाकक्ष, प्रत्येक कोच में तीन पाश्चात शैली के और एक भारतीय शैली का शौचालय लगाया गया है। भारत गौरव ट्रेन के कोचों की बाहरी सतहों को विनायाल कोटिंग पर भारतीय संस्कृति को दर्शाते हुए भारत की वास्तुकलाओं, स्मारकों, नृत्यकलाओं, युद्ध-विधाओं, जीव-जन्तुओं, योग एवं लोकल कलाओं का चित्रण किया गया है। कोचों के अन्दर टूरिस्ट सर्किट के हिसाब से आंतरिक सज्जा को सुसज्जित किया गया है। इन ट्रेनों के संचालन से ‘‘देखो अपना देश ‘‘ या ‘‘अतुल्य भारत‘‘ जैसी मुहिम को बढावा मिलेगा।

