प्रधानमंत्री ने किया विशाल जनसभा को संबोधित, दिल्ली के सभी प्रत्याशियों को विजयी बनाने की अपील


कृपा शंकर पाण्डेय की रिपोर्ट
दिल्ली। देश में चुनाव प्रचार चरम पर है जहां सभी दल अपने-आप ने प्रत्याशियों की जीत का दावा कर रहे हैं तो वहीं प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने भी दिल्ली में पहली चुनावी जनसभा को संबोधित किया। देश की राजधानी दिल्ली में उत्तरी-पूर्वी दिल्ली जिले के करतार नगर के यमुना खादर में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने पहली चुनावी जनसभा में दिल्ली के भाजपा के सातों प्रत्याशियों को वोट देने की अपील की। चिलचिलाती गर्मी में मौजूद लोगों की बेसब्री का अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है कि लोग सभा स्थल पर दोपहर दो बजे से ही पहुंचना शुरू हो गए थे। आंकड़ों के अनुसार लाखो लोग इस जनसभा में प्रधानमंत्री को सुनने पहुंचे थे। दिल्ली भाजपा अध्यक्ष वीरेंद्र सचदेवा की अध्यक्षता में क्षेत्र के भाजपा के तीन सांसद उम्मीदवार, उ० पू० दिल्ली से मनोज तिवारी, पूर्वी दिल्ली से हर्ष मल्होत्रा और चांदनी चौक निर्वाचन क्षेत्र से प्रवीण खंडेलवाल के अलावा विधायक मोहन सिंह बिष्ट, अजय महावर, विजेंद्र गुप्ता, अभय वर्मा व ओम प्रकाश शर्मा, जितेंद्र महाजन, अनिल बाजपेयी व वरिष्ठ नेता अरविंदर सिंह लवली, विष्णु मित्तल, अनिल गुप्ता, अशोक गोयल, सतीश गर्ग, राजेश भाटिया, मनोज त्यागी, विजेंद्र धामा, संजय गोयल, कुलदीप सिंह, वीरेंद्र गोयल, लता गुप्ता आदि ने मौजूदगी दर्ज कराई। रेखा गुप्ता और सारिका जैन ने प्रधानमंत्री को संकट मोचन हनुमान जी की प्रतिमा भेंट की। श्रीमती यशोदा बहन व उनके परिवार जिसे सी ए ए की नागरिकता मिली है, ने प्रधानमंत्री का आभार व्यक्त किया। जनसभा को संबोधित करते हुए वीरेन्द्र सचदेवा ने कहा कि दिल्ली की जनता जान चुकी है कि दिल्ली की सातों सीटें जीता कर ही तीसरी बार नरेन्द्र मोदी को प्रधानमंत्री बनाया जाएगा।
लाखों लोगों से अपील करते हुए पीएम मोदी ने कहा कि यदि देश को मजबूत बनाना है, तो एक मजबूत सरकार चाहिए, आपने जी 20 सम्मेलन के दौरान देखा कि दुनियाभर के नेता दिल्ली को देखकर चकित थे, हमारे देश की सुरक्षा करते करते करीब 35 हजार पुलिस के जवान शहीद हुए, लेकिन पुलिस मेमोरियल के लिए देश के पुलिस के शहीद जवानों को 70 साल इंतजार करना पड़ा। उन्होंने आगे कहा कि हम लोकतंत्र के लिए जीते हैं। हमने देश में पहली बार देश के सभी प्रधानमंत्रियों का म्यूजियम बनाया, इसलिए आप भी जान ले कि यह चुनाव भाई- भतीजावाद को परास्त करने का चुनाव है, यह चुनाव गरीबों के जीवन को आसान बनाने का चुनाव है, मेरा कोई वारिस नहीं है, मैंने तो 50-60 वर्ष पहले ही घर छोड़ दिया था, मुझे नहीं मालुम था कि मैं लाल किले पर झंडा फहराऊंगा और देश की सेवा करूंगा।

