प्रधानमंत्री के अयोध्या आगमन व राम मंदिर भूमि पूजन कार्यक्रम की तैयारियों को लेकर अयोध्या में निरीक्षण व बैठकों का दौर जारी

अरविन्द सिंह की रिपोर्ट
अयोध्या। प्रधानमंत्री के अयोध्या आगमन एवं राममंदिर के भूमिपूजन की तैयारियों के सिलसिले में पूरे जनपद में केंद्र एवं प्रदेश शासन और संगठन के पदाधिकारी गणों का निरीक्षण और बैठकों का दौर जारी है अयोध्या में इन दिनों प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के दौरे को लेकर प्रशासनिक तैयारियों को अंतिम रूप देने के लिए इस समय प्रदेश के आला अफसर इन दिनों अयोध्या में डेरा जमाए हुए हैं।अयोध्या में भूमिपूजन पर सरकार ने भी अलर्ट जारी कर रखा है 4 अगस्त को अयोध्या की सीमाएं सील हो जाएंगी आने-जाने वालों पर निगाह रखी जाएगी सुरक्षा के लिहाज से 4 अगस्त को अयोध्या को चारों तरफ से सील कर दिया जाएगा। इसके लिए अयोध्या के साथ ही फैजाबाद शहर में इंट्री के सारे रास्तों पर इंतजामों की लगातार मॉनिटरिंग की जा रही है।जिस दिन भूमि पूजन का मुख्य कार्यक्रम है उसकी पूर्व संध्या से किसी को भी अयोध्या में प्रवेश नहीं मिलेगा। इसके अलावा लखनऊ के रास्ते सड़क से आने वाले वीवीआईपी को सहादतगंज से अयोध्या में प्रवेश मिलेगा। अयोध्या के पड़ोसी जनपद बाराबंकी, बस्ती, गोंडा, अंबेडकरनगर, सुलतानपुर, अमेठी समेत कई जिलों में पहले से ही नोडल अधिकारियों की नियुक्ति की जा चुकी है। इन्हीं के नेतृत्व में इन जिलों की पुलिस बार्डर पर कड़ी निगरानी रखेगी। जल मार्गों पर भी पीएसी और जल पुलिस तैनात रहेगी। इसके अलावा हाइवे पर भी पूर्व में लगे बैरीकेडिंग पर अतिरिक्त सुरक्षाकर्मी तैनात कर आने जाने वाले लोगों की सघन तलाशी ली जाएगी।

प्रधानमंत्री की सुरक्षा को लेकर कुल सात जोन बनाए गए हैं, इसमें हनुमानगढ़ी और सरयू तट जोन भी शामिल है। साकेत महाविद्यालय से लेकर नयाघाट तक के मुख्य मार्ग को सुपर सिक्योरिटी जोन में बनाया गया है। इस रास्ते पर साकेत महाविद्यालय से आयोजन स्थल तक करीब एक किमी जिस पर प्रधानमंत्री सड़क के रास्ते सफर करेंगे, इन रास्तों पर लगे कई बैरियर सक्रिय हैं। वहीं संभावना है कि पीएम नरेंद्र मोदी हनुमानगढ़ी में दर्शन और पूजन भी कर सकते हैं, इसको देखते हुए मुख्य मार्ग पर यातायात बंद भी किया जा सकता है इसी क्रम में कल केंद्रीय मंत्री प्रहलाद सिंह पटेल अयोध्या पहुंचे और हनुमानगढ़ी के दर्शन करने के बाद श्रीरामजन्मभूमि प्रांगण में रामलला के दर्शन किए। प्रहलाद सिंह पटेल प्रदेश के पर्यटन मंत्री नीलकंठ तिवारी के साथ अयोध्या पहुंचे थे। वह दर्शन-पूजन के बाद वह कारसेवकपुरम पहुंचे और वहां श्रीराम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट के महासचिव चंपत राय से अयोध्या में पर्यटन की संभावनाओं पर चर्चा की।

शुक्रवार को ही यूपी के अपर मुख्य सचिव गृह अवनीश कुमार अवस्थी, एडीजी जोन एसएन साबत और एडीजी कानून-व्यवस्था भी अयोध्या पहुंचे। प्रमुख सचिव (गृह) की वरिष्ठ पुलिस अफसरों के साथ बैठक हुई। बैठक में 5 अगस्त को पीएम नरेंद्र मोदी की सुरक्षा बंदोबस्त की समीक्षा हुई। उन्होंने साकेत महाविद्यालय में बन रहे हेलीपैड का भी निरीक्षण किया। वहीं दोपहर बाद राज्य के मुख्य सचिव राजेंद्र तिवारी और डीजीपी हितेश चंद्र अवस्थी भी अयोध्या पहुंचे। अयोध्या में जिला प्रशासन और प्रदेश के बड़े अफसरों के बीच भूमिपूजन कार्यक्रम की तैयारियों पर चर्चा हुई। इसके बाद इंटेलिजेंस के अफसरों के साथ सुरक्षा व्यवस्था का जायजा लिया। चर्चा है कि 5 अगस्त को होने वाले ऐतिहासिक कार्यक्रम से पहले सीएम योगी आदित्यनाथ 2 अगस्त को एक बार फिर अयोध्या आएंगे।कोरोना से बचाव की रणनीति के तहत भूमिपूजन के कार्यक्रम के लिए पीएमओ से 200 खास मेहमानों की लिस्ट तय कर दी गई है। ऐसी चर्चा है कि कोरोना प्रोटोकॉल के चलते इन मेहमानों को 50-50 के समूह में कार्यक्रम स्थल पर लाया जाएगा। चार अलग-अलग ब्लॉक बनाए जाएंगे, जहां सोशल डिस्टेंसिंग के नियम का पालन करते हुए मेहमानों के बैठने की व्यवस्था होगी। वहीं पीएम के मुख्य मंच पर केवल पांच मेहमानों के लिए सीट होगी।
